6 अक्तूबर 2026 का पंचांग: जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और आज का विशेष उपाय

13 घंटे पहले
आज का पंचांग

6 October 2026 ka Panchang: वैदिक शास्त्रों के अनुसार प्रतिदिन प्रातःकाल पंचांग पढ़ना शुभ माना जाता है। पंचांग हिन्दू कैलेंडर है जो भारतीय वैदिक ज्योतिष शास्त्र में दर्शाया गया है। पंचांग मुख्य रूप से पांच अवयवों से बना है- तिथि, वार, नक्षत्र, योग एवं करण। पंचांग एक निश्चित स्थान और समय के लिये सूर्य, चंद्रमा और अन्य ग्रहों की स्थिति को दर्शाता है।

हिंदू पंचांग के अनुसार आज मंगलवार है। मंगलवार का दिन संकटमोचन हनुमान जी और भूमि पुत्र मंगल देव को समर्पित होता है। आज आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की दशमी तिथि और पितृ पक्ष (श्राद्ध पक्ष) का दसवां दिन है। आज के दिन दशमी तिथि का श्राद्ध एवं तर्पण किया जाएगा। मंगलवार के दिन हनुमान जी की पूजा-आराधना करने, उन्हें सिंदूर व चमेली का तेल अर्पित करने, हनुमान चालीसा का पाठ करने और पितरों के निमित्त तर्पण व दान करने से सभी संकट, शत्रु बाधा, भय और रोग दूर होते हैं तथा पितरों का विशेष आशीर्वाद प्राप्त होता है।

 

6 October 2026 ka Panchang: ज्योतिषीय गणना, ग्रह और नक्षत्र

शक संवत: 1948 (पराभव संवत्सर)

विक्रम संवत: 2083 (सिद्धार्थि)

मास: पूर्णिमांत– आश्विन, अमांत– भाद्रपद

पक्ष: कृष्ण

तिथि: दशमी

दिन: मंगलवार

नक्षत्र: पुष्य

योग: सिद्ध (सुबह 08:00 बजे तक), उपरांत साध्य योग प्रारंभ।

करण: तैतिल (दोपहर 02:49 बजे तक), उपरांत गर करण।

प्रविष्टे: 20 आश्विन

ऋतु: वैदिक ऋतु – वर्षा, द्रिक ऋतु – शरद

 

सूर्य और चंद्रमा की स्थिति (शिमला, हिमाचल प्रदेश)

सूर्योदय: प्रातः 06:23 बजे

सूर्यास्त: सायं 05:56 बजे

चन्द्रोदय: रात 12:41 बजे (7 अक्तूबर)

चन्द्रास्त: दोपहर 03:49 बजे (6 अक्तूबर)

चन्द्र राशि: चंद्रमा अपनी स्वराशि कर्क में गोचर कर रहा है (पूरा दिन-रात)।

सूर्य राशि: सूर्य देव कन्या राशि पर गोचर कर रहे हैं।

 

6 अक्तूबर 2026 के मुख्य शुभ मुहूर्त (Shubh Muhurat)

ब्रह्म मुहूर्त: प्रातः 04:48 से 05:35 बजे तक।

अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11:46 से दोपहर 12:33 बजे तक।

अमृत काल: शाम 05:39 से रात 07:14 बजे तक।

आनन्दादि योग: मानस (रात 12:47 बजे तक, 7 अक्तूबर), उपरांत पद्म योग।

 

6 अक्तूबर 2026: राहुकाल और अशुभ समय

राहुकाल: दोपहर 03:00 से शाम 04:30 बजे तक (इस समय शुभ व मांगलिक कार्य वर्जित हैं)।

यम गण्ड: सुबह 09:18 से 10:45 बजे तक।

कुलिक: दोपहर 12:12 से 01:39 बजे तक।

दुर्मुहूर्त: सुबह 08:43 से 09:30 बजे तक एवं रात 11:00 से 11:49 बजे तक।

वर्ज्यम्: सुबह 08:08 से 09:43 बजे तक।

 

6 अक्तूबर 2026 के प्रमुख व्रत और पर्व

दशमी तिथि श्राद्ध: आश्विन कृष्ण पक्ष दशमी तिथि का श्राद्ध एवं पितृ तर्पण।

मंगलवार व्रत एवं हनुमान पूजन: बल, बुद्धि, विद्या एवं सर्व-विघ्न विनाश हेतु हनुमान जी की विशेष पूजा।

 

6 अक्तूबर 2026 के लिए विशेष उपाय (Special Remedy)

आज मंगलवार का दिन है और पितृ पक्ष की दशमी तिथि का पावन योग है, इसलिए प्रातः स्नान के बाद हनुमान जी के समक्ष चमेली के तेल का दीपक प्रज्वलित करें तथा उन्हें लाल पुष्प, गुड़ और भुने हुए चने का भोग लगाएं। हनुमान चालीसा या सुंदरकांड का पाठ करें। इसके पश्चात दक्षिण दिशा की ओर मुख करके अपने पितरों के निमित्त जल में लाल चंदन और तिल मिलाकर तर्पण करें तथा किसी निर्धन या ब्राह्मण को लाल वस्त्र, मसूर की दाल या गुड़ का दान करें। इससे हनुमान जी की कृपा से सभी कष्ट दूर होंगे और पितरों के आशीर्वाद से घर में सुख, शांति व समृद्धि बनी रहेगी।

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