Chamba News: हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले के उपमंडल चुराह में सरकारी आवास योजना में बड़ी धांधली का मामला उजागर हुआ है। यहां तीसा विकास खंड की ग्राम पंचायत सेईकोठी में ‘प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण’ (PMAY-G) के तहत एक ऐसे व्यक्ति के नाम पर सरकारी मकान मंजूर करने का सनसनीखेज आरोप लगा है, जिसकी काफी समय पहले ही मौत हो चुकी है। मामला उजागर होने के बाद पंचायत प्रतिनिधियों से लेकर ग्रामीण विकास विभाग के प्रशासनिक अमले तक में हड़कंप मच गया है।
ग्राम पंचायत सनवाल के निवासी मान सिंह पुत्र कर्म चंद ने इस पूरे घोटाले को लेकर ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग के निदेशक को औपचारिक शिकायत प्रेषित की है। शिकायतकर्ता ने मामले की उच्चस्तरीय जांच करवाने, सरकारी धन की रिकवरी करने और जांच में दोषी पाए जाने वाले तत्कालीन अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने की पुरजोर मांग उठाई है।
ऑनलाइन रिकॉर्ड में दर्ज है मृत व्यक्ति का नाम
शिकायत के अनुसार वर्ष 2018-19 में सेईकोठी पंचायत के गांव ओहला के लिए PMAY-G के लाभार्थियों की सूची तैयार की गई थी। योजना के आधिकारिक पोर्टल पर लाभार्थी आईडी HP115031476 के तहत भागी पुत्र दसरावन, गांव नरवाड़, पंचायत सेईकोठी का नाम दर्ज है। आरोप है कि तत्कालीन पंचायत सचिव की सिफारिश पर प्रशासनिक स्तर पर इस मकान को मंजूरी दी गई।
12 मार्च 2024 को हो चुकी है मौत, जारी हो गई किस्त
शिकायतकर्ता द्वारा प्रस्तुत मृत्यु प्रमाणपत्र के अनुसार संबंधित व्यक्ति भागी की मौत 12 मार्च 2024 को दर्ज है। दावा किया गया है कि परिवार रजिस्टर में दर्ज पति-पत्नी दोनों की ही मृत्यु हो चुकी है। इसके बावजूद योजना के तहत कुल 1.30 लाख रुपये की सहायता राशि में से 65 हजार रुपये की पहली किस्त भी जारी कर दी गई है।
जांच के बाद होगी सख्त कार्रवाई: बीडीओ
मामले की गंभीरता को देखते हुए खंड विकास अधिकारी (BDO) तीसा गोपाल ठाकुर ने बताया कि शिकायत उनके संज्ञान में आई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उपलब्ध दस्तावेजों और विभागीय रिकॉर्ड की नियमानुसार निष्पक्ष जांच करवाई जाएगी। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।