Bank Strike: हिमाचल प्रदेश में रविवार को साप्ताहिक अवकाश के बावजूद बैंक शाखाएं सामान्य रूप से खुली रहीं। हालांकि आम दिनों की तुलना में शाखाओं में ग्राहकों की चहल-पहल काफी कम देखने को मिली। अब यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) के आह्वान पर बैंक कर्मचारियों और अधिकारियों की तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल के चलते सोमवार से बुधवार तक पूरे प्रदेश में बैंकिंग सेवाएं बुरी तरह प्रभावित रहने की संभावना है।
बैंक यूनियनों ने यह स्पष्ट किया है कि तीन दिवसीय हड़ताल के दौरान एटीएम (ATM) और कैश डिपॉजिट मशीनें (CDM) सुचारू रूप से चालू रहने की संभावना है। ऐसे में आम जनता को डिजिटल लेन-देन, एटीएम से नकदी निकालने और मशीनों के जरिए पैसा जमा करने में राहत मिल सकती है। हालांकि, बैंक शाखाओं में होने वाले चेक क्लीयरेंस, नकद लेन-देन और प्रशासनिक कार्य पूरी तरह से ठप रहेंगे।
Bank Strike: 5 दिवसीय बैंकिंग मुख्य मांग
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस के हिमाचल प्रदेश संयोजक नरेंद्र शर्मा ने बताया कि बैंक कर्मचारी और अधिकारी 28 से 30 सितम्बर तक अपनी मांगों को लेकर राष्ट्रव्यापी हड़ताल पर रहेंगे। यूनियनों की सबसे प्रमुख मांग बैंकों में 5-डे बैंकिंग (सप्ताह में पांच दिन काम) व्यवस्था लागू करना है। उनका कहना है कि शनिवार और रविवार को नियमित साप्ताहिक अवकाश मिलने से कर्मचारियों के कार्य संतुलन और बैंकिंग व्यवस्था दोनों में सुधार आएगा।
Bank Strike: तबादला नीति में बदलाव पर अड़े बैंक कर्मचारी
इसके अलावा बैंक यूनियनें वित्तीय सेवा विभाग द्वारा एकतरफा लागू की गई परफॉर्मैंस लिंक्ड इंसैंटिव (PLI) योजना को तुरंत वापस लेने की मांग कर रही हैं। सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों की वर्तमान स्थानांतरण नीति पर आपत्ति जताते हुए यूनियन नेताओं का कहना है कि अधिकारियों का तबादला कई बार हजारों किलोमीटर दूर कर दिया जाता है, जिससे उन्हें भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
Bank Strike: मांगे न मानी तो अक्तूबर में अनिश्चितकालीन हड़ताल
यूनियनों ने सरकार के समक्ष प्रतिदिन 40 मिनट अतिरिक्त कार्य अवधि का विकल्प रखा है ताकि 5-डे बैंकिंग की भरपाई हो सके। नरेंद्र शर्मा ने कहा कि यदि सरकार सकारात्मक बातचीत के लिए आगे आती है तो हड़ताल को टाला जा सकता है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि मांगों पर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो अक्तूबर महीने में अनिश्चितकालीन हड़ताल जैसा कड़ा कदम उठाया जाएगा।