रमेश कंवर: शिमला
Himachal News: हिमाचल प्रदेश के जनजातीय जिले लाहौल-स्पीति के लिए केंद्र सरकार और रक्षा मंत्रालय के स्तर पर एक बेहद महत्वपूर्ण फैसला लिया गया है। राष्ट्रीय सुरक्षा और सीमावर्ती क्षेत्रों तक पहुंच को सुगम बनाने के उद्देश्य से लाहौल-स्पीति की दो प्रमुख सड़क परियोजनाओं को सामरिक दृष्टि से उच्च प्राथमिकता प्रदान की गई है। इस घोषणा के तहत सुमदो-क्योटो-कोरजोक मार्ग को प्राथमिकता-एक तथा वांगतु-मुध-अत्तरगू मार्ग को प्राथमिकता-दो में शामिल किया गया है।
इन दोनों महत्वपूर्ण सड़कों को रणनीतिक दर्जा मिलने से न केवल सीमावर्ती क्षेत्रों में सैन्य आवाजाही और रसद आपूर्ति आसान होगी, बल्कि स्थानीय आबादी के लिए भी बारहमासी और सुरक्षित संपर्क का रास्ता साफ होगा। इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर लाहौल-स्पीति की विधायक अनुराधा राणा ने पूरे क्षेत्र की जनता को बधाई दी है और इसे लाहौल-स्पीति के समग्र विकास तथा राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए मील का पत्थर करार दिया है।
सुमदो-क्योटो-कोरजोक मार्ग से लद्दाख के लिए मिलेगा वैकल्पिक संपर्क
सुमदो-क्योटो-कोरजोक सड़क परियोजना स्पीति घाटी को सीधे लद्दाख के कोरजोक क्षेत्र से जोड़ने वाली बेहद महत्वपूर्ण कड़ी है। लगभग 100 किलोमीटर लंबी यह प्रस्तावित सड़क त्सोमोरीरी झील के समीप स्थित कोरजोक क्षेत्र तक संपर्क बनाएगी। यह नया मार्ग सीमावर्ती इलाकों में त्वरित पहुंच सुनिश्चित करने के साथ-साथ लेह-लद्दाख के लिए एक मजबूत और विश्वसनीय वैकल्पिक संपर्क मार्ग के रूप में कार्य करेगा।
वांगतु-मुध-अत्तरगू मार्ग से शिमला-काजा की दूरी होगी 100 किमी कम
दूसरी ओर वांगतु-मुध-अत्तरगू सड़क परियोजना किन्नौर और लाहौल-स्पीति जिलों के बीच सीधी कनेक्टिविटी को सुदृढ़ करेगी। यह सड़क अत्तरगू, सगनम, मुध और भावा क्षेत्र जैसे अत्यंत दुर्गम और ऊंचाई वाले इलाकों को आपस में जोड़ेगी। लगभग 4,865 मीटर की ऊंचाई से गुजरने वाले इस रणनीतिक मार्ग के निर्माण से शिमला से काजा की दूरी में करीब 100 किलोमीटर की बड़ी कटौती होगी।
स्थानीय विकास, पर्यटन और आपदा प्रबंधन को मिलेगी नई दिशा
उच्च हिमालयी और सीमावर्ती क्षेत्रों में इन मजबूत सड़कों के निर्माण से स्थानीय ग्रामीणों के लिए आवागमन सुगम होगा और कृषि-बागवानी उत्पादों को मंडियों तक पहुंचाना आसान हो जाएगा। इसके अलावा, प्राकृतिक आपदाओं या विकट परिस्थितियों के समय दूरदराज के क्षेत्रों तक त्वरित राहत व बचाव कार्य पहुंचाने में यह सड़क नेटवर्क अहम भूमिका निभाएगा।
विधायक अनुराधा राणा ने क्षेत्रवासियों को दी बधाई
इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए विधायक अनुराधा राणा ने कहा कि सुदूर इलाकों तक सड़क संपर्क, सिंचाई सुविधाओं का विस्तार, आपदा प्रभावित क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और टिकाऊ पर्यटन को बढ़ावा देना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि यह फैसला लाहौल-स्पीति के लोगों के वर्षों पुराने सपने को पूरा करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है।