World Rabies Day: छात्रों ने सीखी जिंदगी बचाने की संजीवनी, रेबीज को दी मात और जाना HPV टीके का जादुई सुरक्षा चक्र

46 मिनट पहले
World Rabies Day Unique Awareness Program Kakriyar School Hamirpur

World Rabies Day: क्या आप जानते हैं कि एक छोटा सा घाव और थोड़ी सी लापरवाही कितनी भारी पड़ सकती है? इसी खतरे से बच्चों को ढाल बनाने और सेहत का सबक सिखाने के लिए आज यानि सोमवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल ककरयार (हमीरपुर) में एक बेहद ऊर्जावान और जीवंत जागरूकता शिविर का आगाज हुआ। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सतीश कुमार फोतेदार के मार्गदर्शन में सजे इस मंच पर विद्यार्थियों ने न केवल घातक रेबीज से बचने के पैंतरे सीखे, बल्कि बेटियों की जिंदगी संवारने वाले एचपीवी (HPV) सुरक्षा कवच की बारीकियों को भी बड़े ही रोचक अंदाज में समझा।

कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए सूचना एवं संप्रेषण अधिकारी सुनील कुमार ने बच्चों से सीधा संवाद साधा और बताया कि रेबीज कोई मामूली बीमारी नहीं, बल्कि एक बेहद खतरनाक दुश्मन है, लेकिन अच्छी बात यह है कि सही जानकारी ही इसका सबसे बड़ा इलाज है। उन्होंने कहा कि अपने प्यारे वफादार कुत्तों को समय पर टीका लगवाना और गलियों में फिरने वाले अनजान बेजुबानों से दूरी बनाकर रखना ही इस खतरे को दूर रखने का पहला और पक्का कदम है।

 

जब कुत्ता काटे तो डरना नहीं, बहते पानी और साबुन का प्रयोग करें

जिला सर्विलेंस अधिकारी डॉ. कंचन बाला ने बच्चों को एक बेहद आसान लेकिन अचूक मंत्र सिखाया। उन्होंने कहा कि अगर कभी कोई जानवर गलती से काट ले या खरोंच भी मार दे, तो घबराने की बिल्कुल जरूरत नहीं है, बस तुरंत नल खोलें और बहते पानी के नीचे साबुन से घाव को अच्छी तरह से धो डालें। इसके बाद बिना एक पल गंवाए सीधे डॉक्टर के पास पहुंचे और एंटी-रेबीज का सुरक्षा टीका लगवाएं।

 

मुफ्त HPV टीका जो कैंसर ही नहीं, बांझपन से भी बचाए

स्वास्थ्य विभाग की टीम ने स्कूल में एक ऐसी जानकारी साझा की जिसने सब ध्यान खींच लिया। गर्भाशय ग्रीवा (सर्वाइकल) कैंसर से बेटियों को बचाने वाला एचपीवी टीका। अधिकारियों ने बताया कि यह कोई आम दवा नहीं, बल्कि एक ऐसा सुरक्षा चक्र है जो सभी सरकारी और निजी स्कूलों तथा अस्पतालों में बिल्कुल मुफ्त दिया जा रहा है। यह टीका न केवल जानलेवा कैंसर से बचाता है, बल्कि भविष्य में बांझपन जैसी गंभीर समस्याओं से भी सुरक्षा प्रदान करता है।

 

माइक हाथ में आते ही बच्चों ने जमाया रंग, भाषण प्रतियोगिता में जतिन बने विजेता

सिर्फ भाषणबाजी ही नहीं, ककरयार स्कूल के बच्चों ने भी अपने ज्ञान का लोहा मनवाया। रेबीज और स्वास्थ्य जागरूकता पर रखी गई गर्मा-गर्म भाषण प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने अपने तर्कों और बुलंद आवाज से पूरे हॉल की तालियां बटोरीं। कांटे की टक्कर के बाद जतिन ने बाजी मारते हुए पहला स्थान हासिल किया, जबकि शिवानी ने दूसरा और राशि ने तीसरा स्थान अपने नाम किया। विजेता धुरंधरों को मंच पर मेडल और पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।

 

प्रिंसिपल संग पूरी टीम ने लिया सेहतमंद समाज बनाने का संकल्प

स्कूल की प्रधानाचार्य अंजली शर्मा ने इस रोचक आयोजन के लिए स्वास्थ्य विभाग की पूरी टीम का दिल से धन्यवाद किया और बच्चों को ‘हेल्थ एंबेसडर’ बनकर यह संदेश घर-घर तक पहुंचाने की प्रेरणा दी। इस मौके पर बीसीसी समन्वयक सलोचना देवी, शिक्षक कंचन बाला, रजत, राज कुमार धीमान और पूरी फैकल्टी के साथ-साथ सैकड़ों चहकते बच्चों ने सेहत के इस महाअभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

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